शिमला-27 जुलाई. हिमाचल प्रदेश पुलिस में प्रस्तावित 800 पदों पर भर्ती की तैयारी के लिए प्रदेश की प्रथम सशस्त्र वाहिनी जुन्गा में सोमवार से एक माह का निःशुल्क कोचिंग कार्यक्रम शुरू हो गया। प्रशिक्षण शिविर में प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से 651 अभ्यर्थी भाग ले रहे हैं। प्रथम सशस्त्र वाहिनी जुन्गा के समादेशक भूपेंद्र सिंह नेगी ने शिविर का विधिवत शुभारंभ किया।
भूपेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि प्रथम सशस्त्र वाहिनी जुन्गा प्रदेश का एकमात्र ऐसा पुलिस भर्ती प्रशिक्षण केंद्र है, जहां अभ्यर्थियों को निःशुल्क कोचिंग के साथ आवास, दो समय का भोजन और नाश्ता भी उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश की अन्य छह भारतीय रिजर्व बटालियनों (आईआरबी) में भी निःशुल्क कोचिंग दी जा रही है, लेकिन वहां भोजन और आवास की सुविधा उपलब्ध नहीं है।
उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके निर्देशों के अनुरूप प्रदेश के युवाओं को पुलिस भर्ती के लिए निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य अभ्यर्थियों को भर्ती प्रक्रिया के प्रत्येक चरण के लिए पूरी तरह तैयार करना है, ताकि वे बेहतर प्रदर्शन कर सकें। प्रशिक्षण के दौरान अनुभवी प्रशिक्षकों द्वारा अभ्यर्थियों को इनडोर और आउटडोर दोनों तरह का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इनडोर सत्रों में लिखित परीक्षा की तैयारी करवाई जाएगी, जबकि आउटडोर प्रशिक्षण में दौड़, ऊंची कूद, लंबी कूद सहित अन्य शारीरिक दक्षता परीक्षणों का अभ्यास कराया जाएगा।
भूपेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि निःशुल्क कोचिंग कार्यक्रम को युवाओं का उत्साहजनक प्रतिसाद मिला है। प्रशिक्षण के दौरान अभ्यर्थियों को पुलिस भर्ती प्रक्रिया, पात्रता शर्तों, शारीरिक दक्षता एवं मानक परीक्षा, लिखित परीक्षा, व्यक्तित्व विकास, अनुशासन और पुलिस सेवा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों का व्यापक प्रशिक्षण दिया जाएगा। उन्होंने सभी अभ्यर्थियों से प्रशिक्षण अवधि के दौरान अनुशासन, समयबद्धता और कर्तव्यपरायणता बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यह निःशुल्क कोचिंग युवाओं के लिए पुलिस सेवा में चयन का सुनहरा अवसर है, जिसका लाभ उन्हें पूरी मेहनत और समर्पण के साथ उठाना चाहिए।
भूपेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि निःशुल्क कोचिंग कार्यक्रम को युवाओं का उत्साहजनक प्रतिसाद मिला है। प्रशिक्षण के दौरान अभ्यर्थियों को पुलिस भर्ती प्रक्रिया, पात्रता शर्तों, शारीरिक दक्षता एवं मानक परीक्षा, लिखित परीक्षा, व्यक्तित्व विकास, अनुशासन और पुलिस सेवा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों का व्यापक प्रशिक्षण दिया जाएगा। उन्होंने सभी अभ्यर्थियों से प्रशिक्षण अवधि के दौरान अनुशासन, समयबद्धता और कर्तव्यपरायणता बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यह निःशुल्क कोचिंग युवाओं के लिए पुलिस सेवा में चयन का सुनहरा अवसर है, जिसका लाभ उन्हें पूरी मेहनत और समर्पण के साथ उठाना चाहिए।
